फैंटेसी और रियलिटी में तकरार

फैंटेसी और रियलिटी में तकरार

शादी पूर्व मन में भावी लाइफ पार्टनर और प्रथम मिलन को लेकर बहुत सी कल्पनाएं होती हैं। मन का काम है कल्पना करना और जरूरी नहीं कि आप जो भी कल्पना करें वो पूरी ही हो। जब सपनों की दुनिया से हम रियल लाइफ को अलग पाते हैं तो शुरू होता है आपसी टकराव व मन मुटाव । ऎसे में तन के साथ-साथ विचारों का समागम भी ज्यादा जरूरी होता है।