​दीपावली और धनतेरस पर घर खरीदते समय जरूर रखें इन वास्तु नियमों का ध्यान, जीवन में आएगी बरकत

​दीपावली और धनतेरस पर घर खरीदते समय जरूर रखें इन वास्तु नियमों का ध्यान, जीवन में आएगी बरकत

त्योहारी सीजन में नया आशियाना खरीदना हर परिवार का सपना होता है। धनतेरस और दीपावली के पावन अवसर पर लोग प्रॉपर्टी में निवेश करना सबसे शुभ मानते हैं। इस दौरान मां लक्ष्मी और भगवान धनवंतरी की कृपा पाने के लिए लोग नए घरों की बुकिंग या गृह प्रवेश करते हैं। हालांकि, अपनी गाढ़ी कमाई का निवेश करने से पहले घर की बनावट और वास्तु के कुछ बुनियादी नियमों की जांच करना बेहद जरूरी है, ताकि घर में हमेशा सकारात्मक ऊर्जा बनी रहे।

​सही दिशा और मुख्य द्वार का वास्तु



​वास्तु शास्त्र के अनुसार घर खरीदते समय उसकी दिशा का विशेष ध्यान रखना चाहिए। उत्तर पूर्व या उत्तर-पूर्व दिशा को सबसे उत्तम माना जाता है।


​मुख्य द्वार हमेशा साफ-सुथरा और बाधा रहित होना चाहिए। मुख्य प्रवेश द्वार पर गेंदे के फूलों का तोरण और रोली से स्वास्तिक का चिह्न बनाने से सकारात्मक ऊर्जा आकर्षित होती है।


​दक्षिण-पश्चिम दिशा की ओर सीधे मुख्य द्वार वाले घरों से बचने की सलाह दी जाती है।


​कमरों का सही लेआउट और दिशा


​घर के अंदर विभिन्न कमरों की स्थिति परिवार के स्वास्थ्य और सुख-समृद्धि को सीधा प्रभावित करती है:


​मास्टर बेडरूम: इसके लिए घर का दक्षिण-पश्चिम कोना सबसे आदर्श माना जाता है, जो स्थिरता और अच्छे पारिवारिक संबंधों को बढ़ावा देता है।


​रसोई घर: अग्नि तत्व से जुड़ा होने के कारण रसोईघर हमेशा दक्षिण-पूर्व दिशा में होना चाहिए। यदि यह संभव न हो, तो उत्तर-पश्चिम विकल्प भी ठीक रहता है। भूलकर भी उत्तर-पूर्व दिशा में किचन न खरीदें।



बाथरूम और शौचालय: इन्हें उत्तर-पश्चिम या पश्चिम दिशा में होना चाहिए। उत्तर-पूर्व या दक्षिण-पश्चिम कोने में बने शौचालय नकारात्मक ऊर्जा का कारण बन सकते हैं।

​गृह प्रवेश और वास्तु पूजा के सरल उपाय


​त्योहार के दिनों में नया घर खरीदने या सांकेतिक रूप से प्रवेश करने पर कुछ पारंपरिक अनुष्ठान करने से घर का शुद्धिकरण होता है:


​पंचांग के अनुसार धनतेरस या दीपावली के शुभ मुहूर्त पर ही गृह प्रवेश या पूजन करना चाहिए


नए घर के कमरों में हल्दी मिले पानी का छिड़काव करने से निर्माण से जुड़ी पुरानी ऊर्जा और नकारात्मकता दूर होती है।


​नया घर खरीदते समय वास्तु के इन छोटे-छोटे पहलुओं का ध्यान रखकर आप अपने परिवार के लिए एक ऐसा शांत और ऊर्जावान वातावरण तैयार कर सकते हैं जहाँ सुख, समृद्धि और सुकून हमेशा बना रहे।


हेमलता शर्मा जयपुर

#पहने हों कछुआ अंगूठी तो नहीं होगी पैसों की तंगी...



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