अब केवल उदयपुर-जयपुर ही नहीं इन ऑफ-बीट जगहों पर भी गूंज रही है शहनाई

अब केवल उदयपुर-जयपुर ही नहीं इन ऑफ-बीट जगहों पर भी गूंज रही है शहनाई


अगर आप सोच रहे हैं कि डेस्टिनेशन वेडिंग का मतलब सिर्फ राजस्थान के महल हैं तो अपनी जानकारी अपडेट कर लीजिए। साल 2026 में भारतीय कपल्स अपनी शादी को यादगार बनाने के लिए भीड़भाड़ वाले शहरों से दूर शांति और प्राकृतिक सुंदरता की तलाश कर रहे हैं।

क्लाउड वेडिंग का क्रेज:
पहाड़ों की गोद में इस सीजन में ऋषिकेश मसूरी और अल्मोड़ा जैसे पहाड़ी इलाके टॉप ट्रेंड में हैं। कपल्स अब हिमालयन बैकड्रॉप के साथ फेरे लेना पसंद कर रहे हैं। इसे क्लाउड वेडिंग कहा जा रहा है क्योंकि यहां मंडप बादलों के बीच पहाड़ों की ऊंचाई पर सजाया जाता है।

बैकवाटर्स और बीच वेडिंग:

नया हॉटस्पॉट गोवा के शोर से दूर अब कपल्स केरल के कोच्चि और कुमारकोम के शांत बैकवाटर्स को चुन रहे हैं। इसके अलावा कर्नाटक का कोकर्ण अपने अनछुए समुद्र तटों की वजह से उन लोगों की पहली पसंद बन गया है जो एक प्राइवेट बीच वेडिंग चाहते हैं।

हेरिटेज विलेज वेडिंग: एक नया और दिलचस्प ट्रेंड है रूरल लग्जरी। लोग अब शेखावाटी राजस्थान या दक्षिण भारत के पुराने पुश्तैनी गांवों की हवेलियों में शादी कर रहे हैं जहाँ मेहमानों को शुद्ध देसी खान-पान और लोक संगीत का अनुभव मिलता है।

क्यों बदल रही है पसंद:

प्राइवेसी: बड़े शहरों के होटलों के मुकाबले ये जगहें ज्यादा निजी और शांत होती हैं।

फोटोग्राफी: ड्रोन और सिनेमाटोग्राफिक शूट के लिए ये नेचुरल लोकेशन बेहतरीन फ्रेम देती हैं।

अनुभव: मेहमानों के लिए यह सिर्फ एक शादी नहीं बल्कि एक छोटा वेकेशन बन जाता है।

#सफेद बालों से पाएं निजात: अपनाएं ये 7Home tips