
चमेली के पौधे में नहीं आ रहे फूल अपनाएं ये 5 आसान तरीके 2 हफ्ते में खिल उठेंगी कलियां
अगर आपके घर या बालकनी में लगा चमेली मोगरा का पौधा खूब हरा-भरा है लेकिन उसमें फूल नहीं आ रहे हैं तो निराश होने की जरूरत नहीं है। चमेली के पौधे को सामान्य पानी और धूप के अलावा थोड़ी खास देखभाल की जरूरत होती है। कुछ बेहद सरल और घरेलू नुस्खों से आप पौधे की मिट्टी में जरूरी पोषक तत्व वापस ला सकते हैं, जिससे पौधा दो हफ्तों के भीतर कलियों और खुशबूदार सफेद फूलों से लहलहा उठेगा।
एप्सम सॉल्ट और खट्टी छाछ का घोल दें
चमेली के पौधे की जड़ों को पोषण देने के लिए एक लीटर पानी में एक चम्मच एप्सम सॉल्ट और आधा गिलास खट्टी छाछ मिलाएं। इस घोल को शाम के समय पौधे की जड़ों में डालें। एप्सम सॉल्ट से पौधे को मैग्नीशियम मिलता है जो पत्तियों को हरा-भरा रखता है जबकि छाछ मिट्टी में सूक्ष्मजीवों की गतिविधि को बढ़ाती है।
सही समय पर प्रूनिंग छंटाई करें
पौधे की सूखी कमजोर और पुरानी शाखाओं को हटा दें। चमेली में फूल हमेशा नई टहनियों पर आते हैं इसलिए छंटाई करने से नई शाखाएं निकलती हैं और कलियां बनने की संभावना बढ़ जाती है। छंटाई के लिए हमेशा साफ और तेज कैंची का उपयोग करें।
भरपूर धूप और सीमित पानी सुनिश्चित करें
चमेली को रोजाना कम से कम 5 से 6 घंटे की सीधी धूप मिलना जरूरी है। छायादार जगह पर पौधा हरा तो रहता है लेकिन उसमें फूल नहीं आते। इसके अलावा गमले में पानी जमा न होने दें और मिट्टी की ऊपरी परत सूखने पर ही पानी दें।
किचन के वेस्ट से प्राकृतिक खाद बनाएं
केले के सूखे छिलकों का पाउडर मिट्टी में मिलाएं क्योंकि इसमें पोटैशियम प्रचुर मात्रा में होता है जो फूल उगाने में मदद करता है। इसके अलावा इस्तेमाल की हुई चायपत्ती को धोकर और सुखाकर कंपोस्ट के साथ पौधे में डालें।
नियमित देखभाल बनाए रखें
धूप पानी और पोषण का संतुलन बनाकर रखें। इन घरेलू उपायों को नियमित रूप से अपनाने से लगभग दो हफ्तों में पौधे पर नई कलियां दिखने लगती हैं।
हेमलता शर्मा जयपुर
#ब्लैक हैड्स को दूर करने के लिए घरेलू टिप्स






