
बाजार से खरीद रही हैं महंगा केसर, तो इस तरह करें असली और नकली की पहचान
केसर दुनिया के महंगे मसालों में गिना जाता है और इसका इस्तेमाल मिठाइयों, दूध, खीर, बिरयानी और कई खास व्यंजनों में किया जाता है। इसकी तेज खुशबू, खास रंग और सीमित उपलब्धता के कारण बाजार में इसकी कीमत काफी अधिक होती है। यही वजह है कि कई बार केसर के नाम पर रंगे हुए रेशे, नकली सामग्री या कम गुणवत्ता वाला उत्पाद भी बेचा जा सकता है। केवल रंग देखकर असली केसर की पहचान करना हमेशा आसान नहीं होता। कुछ साधारण संकेतों पर ध्यान देकर खरीदारी के समय बेहतर चुनाव किया जा सकता है, लेकिन घरेलू टेस्ट भी पूरी तरह प्रमाणित नहीं होते। इसलिए पैकेजिंग, विक्रेता और उत्पाद की जानकारी जांचना जरूरी है। अगर आप भी महंगा केसर खरीद रही हैं, तो इन बातों को ध्यान में रखकर असली और संदिग्ध उत्पाद के बीच अंतर समझने की कोशिश कर सकती हैं।
रेशों की बनावट को ध्यान से देखें
असली केसर के रेशे आमतौर पर एक जैसे बिल्कुल सीधे धागों की तरह नहीं दिखते। इसके रेशों का ऊपरी हिस्सा हल्का फैला हुआ या तुरही जैसा हो सकता है, जबकि नीचे का हिस्सा पतला दिखाई देता है। सभी रेशों का आकार और लंबाई पूरी तरह एक जैसी होना भी संदिग्ध हो सकता है। बहुत ज्यादा चमकदार, कृत्रिम रूप से रंगे हुए या जरूरत से ज्यादा एकसमान रेशों वाले उत्पाद को ध्यान से जांचें। खरीदते समय संभव हो तो पैक पर सामग्री और उत्पाद संबंधी जानकारी जरूर पढ़ें।
पानी में डालकर तुरंत रंग फैलने पर रहें सतर्क
केसर की पहचान के लिए अक्सर पानी या दूध में डालकर देखने का तरीका बताया जाता है। असली केसर को हल्के गर्म पानी या दूध में डालने पर धीरे-धीरे सुनहरा या पीला रंग निकल सकता है। अगर कोई रेशा डालते ही बहुत तेजी से गहरा लाल रंग छोड़ने लगे, तो वह रंग मिलावट या कृत्रिम रंग का संकेत हो सकता है। हालांकि केवल इस घरेलू टेस्ट के आधार पर किसी उत्पाद को निश्चित रूप से असली या नकली घोषित नहीं किया जा सकता।
खुशबू और स्वाद से भी मिल सकता है संकेत
असली केसर की खुशबू आमतौर पर अलग और तेज होती है, जिसमें हल्का शहद जैसा, घास जैसा या मिट्टी जैसा नोट महसूस हो सकता है। इसका स्वाद भी मीठा नहीं होता, बल्कि थोड़ा कड़वा या तीखा हो सकता है। अगर केसर बहुत ज्यादा मीठा लगे या उसमें केवल कृत्रिम खुशबू महसूस हो, तो उत्पाद की गुणवत्ता को लेकर सावधानी बरतें। हालांकि खुशबू और स्वाद का अनुभव हर व्यक्ति के लिए अलग हो सकता है, इसलिए इन्हें केवल एक संकेत के रूप में ही देखें।
बहुत कम कीमत के लालच में न आएं
केसर की खेती और उत्पादन की प्रक्रिया कठिन होती है, इसलिए इसकी कीमत सामान्य मसालों की तुलना में अधिक रहती है। अगर कोई विक्रेता बाजार मूल्य से बहुत कम कीमत पर बड़ी मात्रा में “शुद्ध केसर” देने का दावा कर रहा है, तो खरीदने से पहले उत्पाद की जानकारी जरूर जांचें। विश्वसनीय ब्रांड या भरोसेमंद विक्रेता से सीलबंद पैक खरीदना बेहतर हो सकता है। पैकेट पर बैच नंबर, निर्माण और समाप्ति तिथि तथा सामग्री की जानकारी देखना भी जरूरी है।
जरूरत पड़ने पर कराएं लैब टेस्ट
घर पर किए जाने वाले टेस्ट केवल शुरुआती संकेत दे सकते हैं, लेकिन केसर की शुद्धता की पूरी पुष्टि नहीं करते। महंगी या बड़ी मात्रा में खरीदारी के मामले में प्रमाणित परीक्षण सबसे विश्वसनीय तरीका हो सकता है। असली केसर पहचानने के लिए केवल रंग पर भरोसा न करें, बल्कि रेशों की बनावट, खुशबू, खरीद का स्रोत और उत्पाद की जानकारी सभी बातों को ध्यान में रखें। इस तरह आप मिलावटी या संदिग्ध उत्पाद खरीदने के जोखिम को कम कर सकती हैं।
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